दिनांक – 12 मार्च 2025
दिन – बुधवार
विक्रम संवत् – 2081
अयन – उत्तरायण
ऋतु – बसन्त
मास – फाल्गुन
पक्ष – शुक्ल
तिथि – त्रयोदशी सुबह 09:11 तक तत्पश्चात चतुर्दशी
नक्षत्र – मघा प्रातः 4:05 मार्च 13 तक तत्पश्चात पूर्वाफाल्गुनी
योग – सुकर्मा दोपहर 01:00 तक, तत्पश्चात धृति
राहुकाल- दोपहर 12:49 से दोपहर 02:19 तक
सूर्योदय – 06:54
सूर्यास्त – 06:43
दिशा शूल – उत्तर दिशा में
ब्राह्ममुहूर्त – प्रातः 05:15 से प्रातः 06:03 तक,
अभिजीत मुहूर्त – कोई नहीं
निशिता मुहूर्त – रात्रि 12:25 मार्च 13 से रात्रि 01:13 मार्च 13 तक
विशेष – चतुर्दशी के दिन स्त्री – सहवास तथा तिल का तेल लगाना व खाना निषिद्ध है।(ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-34)
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