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विवाह होने में देरी या शादीशुदा जीवन में तनाव

विवाह होने में देरी या शादीशुदा जीवन में तनाव

काफी सारे लोगों के साथ यह समस्या होती है कि प्रेम संबंध को विवाह में बदलने में बाधा आती है, या फिर कुछ मामलो में शादी के योग्य होने के बाद भी रिश्ता नहीं आता जबकि कुछ लोगों को उनके शादीशुदा जीवन में समस्या के अनुभव होते हैं जिनका कारण सास बहु के बीच तनाव या फिर पति पत्नी के बीच आपसी तनाव भी कारण हो सकता है |

जब भी जन्म कुंडली में चंद्रमा पर उसके शत्रु ग्रह का प्रभाव होता है तो व्यक्ति को प्रेम संबंध या शादीशुदा जीवन में इस तरह की समस्या के अनुभव होते हैं और अगर चंद्रमा की शुभता के उपाय ना किये जाए तो उस रिश्ते में अलगाव या तलाक की स्थिति भी बन जाती है |

चंद्रमा के अशुभ पहलु की बात करें तो जब जन्म कुंडली में चंद्रमा पर बुध या शुक्र का प्रभाव होता है तो अशुभता के लक्ष्ण इस प्रकार हैं:-

व्यक्ति को शिक्षा प्राप्ति में कठिनाई के अनुभव होते हैं |

घर में अशांति के वातावरण से मनमुटाव और झगड़े बढ़ते हैं |

व्यक्ति की माता को निंदा, रोक टोक की आदत हो सकती है |

व्यक्ति के प्रेम संबंध और वैवाहिक जीवन प्रभावित होता है |

दुकान कारोबार में आर्थिक नुक्सान होता है |

उपाय:

बुध शांति के लिए अष्टमी तिथि के दिन कन्या पूजन करना चाहिए |

बुध शांति के लिए कागज़ की नाव बना कर चलते पानी में बहा देनी चाहिए |

शुक्र शांति के लिए सात तरह का अनाज दान करना चाहिए |

शुक्र शांति के लिए गोशाला में जाकर दान पुन्य करना चाहिए |

चंद्रमा की मजबूती के लिए चांदी का चोकोर सिक्का अपने साथ रखना चाहिए |

चंद्रमा की शुभता के लिए अमावस्या के दिन पवित्र नदी में स्नान करना चाहिए |

चंद्रमा के अशुभ पहलु की बात करें तो जब जन्म कुंडली में चंद्रमा पर शनि या केतु का प्रभाव होता है तो अशुभता के लक्ष्ण इस प्रकार हैं :-

व्यक्ति की 24 वर्ष आयु के बाद माता का स्वास्थ्य खराब होता है |

व्यक्ति की माता को समाज में सम्मान की कमी के अनुभव होते हैं |

विवाह योग्य होने के बाद भी शादी के लिए रिश्ते नहीं आते |

प्रेम संबंध को शादी में बदलने में बाधा आती है |

व्यक्ति को गलत फैसलों से आर्थिक नुक्सान होते हैं |

उपाय:

शनि की शांति के लिए सरसों के तेल में चेहरा देख कर दान करना चाहिए |

शनि की शांति के लिए सरसों के तेल में 2 लॉन्ग डाल कर दीपक जलाना चाहिए |

केतु की शांति के लिए सात तरह का अनाज दान करना चाहिए |

केतु की शांति के लिए चलने फिरने में असमर्थ लोगों को दान पुन्य करना चाहिए |

चंद्रमा की मजबूती के लिए चांदी का चोकोर सिक्का अपने साथ रखना चाहिए |

चंद्रमा की शुभता के लिए अमावस्या के दिन पवित्र नदी में स्नान करना चाहिए |

दिवम् एस्ट्रो वर्ल्ड आचार्या सौ भावनाजी बिसावा

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